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चूत में बर्फ का गोला डाल कर चुदाई

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मेरे दोस्त ने मुझे बताया कि उसने जब इस नंबर पर उसी समय कॉल किया था और मैंने उससे पूछा था कि आप कौन है और इतने रात को कॉल क्यों कर रही हो, तो उसने डर के मारे बोला कि में शादीशुदा हूँ और ग़लती से ये कॉल लग गया था।तभी मेरे दोस्त की बात सुनकर मैंने भी उसी समय उस नंबर पर कॉल लगाया। लेकिन उस समय किसी ने भी कॉल नहीं उठाया और मैंने बोला बाद मे लगा लूँगा और उसके बाद मैंने अपने दोस्त को घर छोड़ दिया था।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। उसी रात को करीब 11.45 मिनट पर उसी नंबर से कॉल आया और जब उसने हैल्लो बोला तो में उसकी आवाज़ को सुनता रह गया और तभी उसने बोला कि आपने मुझे कल शाम को कॉल किया था, तभी मैंने कहा आपको कॉल मैंने नहीं किया था और मैंने उससे बोला कि कल रात को आपका कॉल आया था मेरे दोस्त के नंबर पर, तभी वो बोली कि वो कुछ नंबर के कारण मैंने ग़लत नंबर डायल कर दिया था और में अपनी दोस्त को कॉल कर रही थी।
फिर उसके बाद मैंने जब उससे पूछा कि क्या तुम शादीशुदा हो, तो उसने बोला कि हाँ में शादीशुदा हूँ और उसने बोला कि यह बात आपको कैसे पता चला कि में शादीशुदा हूँ, तभी मैंने बोला कि मेरे दोस्त ने जब आपसे बात कि थी, तभी आपने ही बोला था कि में शादीशुदा हूँ। जी हाँ, लेकिन उस समय मुझे कुछ समझ नहीं आ रहा था तो मैंने ये बोल दिया था और मैंने फिर बात को आगे बड़ाई और उससे बात करता ही गया।

फिर उस दिन के बाद फिर हम रोज़ बात करते गये। वो मुझसे काफ़ी खुल गयी थी। फिर मैंने उससे उसकी सेक्स लाईफ के बारे मे पूछा तो वो बहाने बनाने लगी। फिर उसने मुझे धीरे धीरे सब कुछ बताया, उसने बताया कि उसके पति उससे 15 साल बड़े है और मेरे मम्मी पापा ने उनके पैसे देखकर उनसे मेरी शादी कर दी थी। फिर मैंने उससे पूछा कि क्या तुम्हारे पति तुमसे रोज़ सेक्स करते है, तभी वो बोली कि महीने मे एक या दो बार और उन्हे इन सब चीज़ो मे रूचि नहीं है।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।
जब में अपने पति को कई बार सेक्स करने को बोलती हूँ, तब जाकर वो सेक्स करते है और जल्दी ही झड़ जाते है। फिर में समझ गया कि ये सेक्स कि प्यासी है और अगर इसे कामुक किया जाए तो काम बन सकता है और अब में उसे फोन पर रोज़ कामुक बातें करता था। मुझे पता था कि ये मेरी लाईन पर आ जाएगी।तभी एक दिन उसका फोन आया और उसने मुझे मिलने के लिए बुलाया और मैंने उससे पूछा कि कहाँ आना है, तभी उसने मुझे बोला कि तुम मेरे घर से थोड़ी दूर पर आना है और तभी मैंने बोला कि मुझे तुम्हारा पता नहीं मालूम है। फिर उसने मुझे अपना पूरा पता बताया और उसके बताए समय और पते पर में पहुँच गया था।जब वो मेरे करीब आ रही थी, तो में उसे देखता ही रह गया और मैंने ये अंदाज़ा लगाया कि उसके फिगर का साइज़ करीब 36-32-34 होगा। उसने डार्क रेड कलर कि टॉप और जीन्स पहन रखी थी और में उसे देखता ही जा रहा था। उसकी उम्र करीब 2728 साल की होगी और फिर पास आने पर उसने मुझसे बोला कि मुझे देखना बाद मे, पहले अपनी बाइक स्टार्ट करो।

तभी मैंने बाइक स्टार्ट करके आगे बढाई और वो अब मुझसे चिपक कर बैठी थी। उसके इस तरह बैठने से मुझे अब कुछ हो रहा था और मुझे कुछ भी समझ नहीं आ रहा था। तभी मैंने कहा कि तुम तो शादीशुदा नहीं लगती हो, तो उसने कहा कि मुझे पता है कि में शादीशुदा जैसी नहीं लगती हूँ और तभी मैंने उसे बताया था कि मेरे घर पर अभी एक हफ्ते तक कोई नहीं रहेगा, सभी लोग शादी मे जा रहे है और में कुछ काम से यहीं रुक रहा हूँ, इस समय घर पर कोई भी नहीं है, तो क्या में तुम्हे अपने घर ले चलूं, तभी उसने कहा ठीक है और फिर हम घर पहुँचे और वो अंदर आई और अब में पीछे ही खड़ा उसकी गांड देख रहा था। उसकी गांड ऐसी थी कि उसकी गांड के ऊपर नीचे होने से कोई भी इंसान अपने लंड को खड़े होने से रोक नहीं सकता था।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। उसकी गांड तो लाजवाब थी। उसके बाद में अंदर गया और मैंने उससे बैठने के लिए बोला और फिर में भी बैठ गया और कुछ बात करने के बाद उसने डाइरेक्ट मुझसे बोला कि मुझे तुम्हारा लंड देखना है, तो मैंने कहा तुम खुद निकाल कर देख लो, तो और तभी वो आगे बढ़ी और मेरी जीन्स के ऊपर से ही मेरे लंड को महसूस करने लगी थी और फिर उसने मेरी जिन्स कि जिप को खोला और मेरी अंडरवियर के अंदर हाथ डालकर लंड को निकालने लगी थी और अब उसके हाथों का स्पर्श पाकर मेरी पूरी बॉडी मे करंट दौड़ गया था और अब उसका हाथ लंड को छूते ही मेरा लंड खड़ा हो गया और वो मेरे लंड को देखकर बोली, देखो तो कितना अकड़ रहा है।

फिर बोली कि तुम्हारा लंड तो बहुत मस्त है, लंबा मोटा और काफ़ी हार्ड भी है। मेरे पति का तो 3.5 इंच का है। वो मेरे लंड को सहलाए जा रही थी। उसका एक हाथ मेरे लंड पर और एक हाथ मेरे लंड के बालो पर था, मुझे तो बड़ा मज़ा आ रहा था। मेरा लंड तो इतना खड़ा हो गया था कि मेरे पेट से थोड़ी दूरी पर था फिर उसने अपना मुहं खोल कर मेरे लंड को अपने मुहं मे ले लिया था।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।
अब मेरे लंड को अपनी जीभ से चाटने लगी और लंड को चूसने लगी थी। मेरे लंड को उसने अपने दोनो हाथ के अंगूठो से फैलाया और होल के अंदर अपनी जीभ डालकर उसे चूसने लगी। उसने बोला कि तुम्हारे लंड का होल तो मेरी चूत से भी ज़्यादा लाल हो गया है और उसने अपना मुहं खोल कर लंड को पूरा मुहं मे ले लिया और चूसने लगी, जब वो मेरे लंड को चूस रही थी, तब उसके हल्के हल्के दाँत मेरे लंड पर गड़ रहे थे। जिससे मुझे इतना मज़ा आ रहा था कि मेरे मुहं से आवाज़े निकल रही थी।में तो उसकी इन हरकतो से चिल्ला उठा, वो लंड को चूसने के साथ साथ मेरे लंड के बाल को एक एक करके हल्के से दबा रही थी। उसके लंड को चूसने कि स्पीड बहुत अच्छी थी। मैंने अभी तक उसे कुछ नहीं किया था। वो लगातार 10 मिनट तक मेरे लंड को चूसे जा रही थी। तभी मैंने उसके सर को हटाया लेकिन तुरंत उसने मेरा लंड मुहं मे वापस ले लिया और फिर से चूसने लगी। मुझे लंड पर जलन महसूस होने लगी थी और तभी मैंने उसे धक्का दिया और उसके होंठो पर किस करने लगा था।

अब मैंने अपनी जीभ पूरी उसके मुहं के अंदर डाल दी और उसकी जीभ से खेलने लगा, वो मेरी जीभ को चूसे जा रही थी और में अपनी जीभ पूरे उसके मुहं मे घुमा रहा था और उसने अपनी जीभ मेरे मुहं मे डाल दी, हम दोनों का ये किस करीब 8 से 9 मिनट तक चला। अब में उसके बूब्स को उसके टॉप के ऊपर से ही मसलने लगा था और फिर कुछ देर बाद मैंने टॉप के अंदर हाथ डाल कर डाइरेक्ट उसके निप्पल पकड़ लिए और उन्हें मसलने लगा था। अब मैंने उसका टॉप उतार दिया और उसे बोला कि तुम थोड़ा रूको में अभी आता हूँ और फिर में भाग कर फ्रीज़ के पास गया और मैंने सॉस कि बोतल ली और अपने रूम से मैंने एक पट्टी उठा ली और अब मैंने उसकी आँखो मे पट्टी बांध दी थी।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।
तभी उसने बोला कि तुम क्या कर रहे हो मैंने बोला कि तुम बस ऐसे ही लेटी रहो वो चुपचाप लेटी रही मैंने उसके निप्पल को कई बार जोर से खींचा फिर मैंने उसके दोनो निप्पल के ऊपर टोमेटो सॉस लगा दिया और उसे चूसने लगा और अपने दातों से हल्के हल्के काटने लगा, उसके निप्पल हल्के गरम हो गये थे और में उसके दोनो निप्पल को चूसे जा रहा था। अब में उठा और फ्रीज़ से कप मे कुछ आईस के छोटे छोटे टुकड़े लेकर आया था।में उसके बूब्स के निप्पल पर आईस को टच करने लगा, तभी उसके मुहं से सिसकारीयां निकल गयी, में उसके निप्पल के आस पास आईस घुमाने लगा और फिर उसके बूब्स के पास से उसकी नाभि तक मैंने सॉस लगा दिया और उसके नाभि मे पूरा ऊपर तक सॉस भर दिया और फिर उसकी नाभि से पूरा सॉस चाट कर साफ कर दिया और उसकी नाभि को चूसने लगा। अब उसकी सिसकारीयां और बड़ गयी थी और वो कामुक होती जा रही थी और फिर मैंने उसे उठाया और अपने बेडरूम मे ले गया और कप ले कर आ गया, उसके बाद मैंने उसकी नाभि को चाटने के बाद उसकी जीन्स भी उतारी दी थी।

अब उसके गोरे बदन पर ब्लैक पेंटी मुझे पागल कर रही थी और अब में अपने एक हाथ से पेंटी के ऊपर से ही चूत को मसले जा रहा था। उसकी चूत के पानी से उसकी पेंटी बहुत गीली हो चुकि थी। अब में अपनी जीभ उसके जाघ पर घुमाने लगा और पूरी जाँघो को चाटने लगा। उसकी पेंटी के ऊपर से में उसकी चूत को चाटने लगा था। वो तड़प उठी थी, अब मैंने उसकी पेंटी उतारी और उसकी चूत देखता ही रह गया। उसकी चूत पूरी क्लीन थी और उसकी चूत के ऊपर की स्किन हल्की गुलाबी थी उसका पति पागल था, जो कि इतनी प्यारी सी चूत को नहीं सम्भाल सका था।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। अब मैंने उसकी चूत के ऊपर कि स्किन को हल्का सा मसल के खींचा और उसकी चूत को रगड़ने लगा। वो सिसकियाँ लेने लगी और कहने लगी कि प्लीज़ ऐसा मत करो, अब वो पट्टी खोल रही थी। तभी मैंने मना कर दिया पट्टी निकालने से उसके बाद मैंने अपने सारे कपड़े उतार दिये और अपना लंड उसके बूब्स के ऊपर रगड़ने लगा फिर मैंने एक आईस का टुकड़ा उठाया और उसकी नाभि पर रख दिया था। अब उसका शरीर कांप रहा था और मैंने आईस के टुकड़े को नाभि से आगे बढ़ाते हुए उसकी जाँघो तक लेकर आ गया था और उसकी जांघो पर फेरने लगा और उसके पैरो को फैला कर उसकी चूत कि स्किन को अपने होंठो और दांतों से दबाने लगा था और अब उसकी चूत से पानी निकल रहा था और मैंने सारा पानी चाट कर पूरी चूत को साफ किया उसे बहुत मज़ा आ रहा था। अब में अपनी जीभ को चूत के अंदर डालकर चूत को जीभ से चोदने लगा था और वो तड़प उठी और अपनी चूत को उठाने लगी और अपने दोनों हाथो से मेरे सिर को अपनी चूत मे दबा रही थी और मेरे पूरे होंठ चूत के पानी से भीगे हुए थे उसके बाद मैंने चाटते हुए एक उंगली उसकी चूत मे डाल दी और उसकी चूत कि में उंगली से चुदाई कर रहा था और वो सिसकारीयां भरने लगी थी।

अब मैंने बीच कि उंगली चूत में डालकर स्पीड बढ़ा दी, अब वो मदहोश हो रही थी। उसकी आवाज़ पूरे कमरे मे गूँज रही थी। वो चिल्ला रही थी कि प्लीज़ मुझे अब मत तड़पाओ कि में मर जाऊं, प्लीज़ अपना लंड मेरी चूत मे डालो और मेरी चूत की प्यास बुझाओ मुझे जानवरो की तरह चोदो उसकी तड़प बडती ही जा रही थी। अब मैंने आईस के दो टुकड़े उठाए और उसकी चूत के मुहं पर घुमाने लगा था और फिर उसकी चूत को फैलाने के बाद दो टुकड़ो को मैंने उसकी चूत मे डाल दिया, वो तड़प गयी और उसका पूरा शरीर काँपने लगा था और आईस के टुकड़े डालने के तुरंत बाद मैंने अपना पूरा लंड उसकी चूत की गहराइयों मे उतरता गया। उसके मुहं से चीख निकल गयी और मुझे हटने के लिए बोलने लगी, मुझे पता था कि मेरे लंड के साथ साथ आईस का भी असर हो रहा था। में रुक नहीं रहा था उसे चोदे जा रहा था। अब मैंने उसके दोनों पैर अपने कंधे पर रख कर लंड डाले जा रहा था। उसके कुछ देर बाद मैंने अपनी पोज़िशन बदली दी थी और उसे डॉगी स्टाइल मे बैठा दिया और उसके दोनों पैरो को थोड़ा फैला कर अपना लंड पीछे से चूत में डाला और उसकी कमर को हवा मे उठा कर अपनी बॉडी का बॅलेन्स बना कर उसे चोदने लगा था। अब मेरा लंड उसकी पूरी जड़ तक पहुँच रहा था। मेरी इस चुदाई से उसे बहुत मज़ा आ रहा था सच मे दोस्तो अगर आप इस पोज़िशन को अपनावोगे तो चुदाई मे और भी मज़ा आएगा। उसके बाद मैंने अपनी स्पीड बड़ा दी मेरी स्पीड से कमरे मे फ़च फ़च कि आवाज़ आ रही थी और अब उसने अपनी पट्टी हटा दी और अपनी चूत कि तरफ देखने लगी थी।आप ये कहानी हिंदी सेक्स की कहानी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। स्पीड तेज होने से उसे बहुत मज़ा आ रहा था और अहहह और तेज चोदो फाड़ दो चूत को आज कहने लगी थी और फिर मैंने उसे करीब आधे घंटे तक लगातार चोदा, वो इस दौरान तीन बार झड़ गयी थी। लेकिन तभी कुछ देर बाद में भी झड़ने वाला था। तो मैंने उसको कहा कि में झड़ने वाला हूँ, तो उसने मेरा लंड अपनी चूत से बाहर निकाला और मुहं मे लेकर चूसने लगी और में उसके मुहं मे ही झड़ गया था और उसने पूरे लंड का वीर्य पी लिया और मेरे लंड के मुहं को चाटने लगी थी और मुझे उसने बोला कि शायद तुम्हारे जैसी चुदाई कोई नहीं कर सकता है।आज तुम्हारे कारण ही मेरी चूत की प्यास बुझी है और आज में पूरी संतुष्ट हो गयी हूँ। फिर उसने अपने कपड़े पहने फिर में उसे घर छोड़ आया उसके बाद उसे जब भी चूत कि प्यास लगती वो मुझे फोन कर देती थी और हमारा चुदाई का प्रोग्राम चालू हो जाता था।कैसी लगी हम डॉनो की सेक्स स्टोरी , शेयर करना , अगर कोई शादीशुदा औरत की चूत की चुदाई करना चाहते हैं तो उसे अब जोड़ना Facebook.com/RaginiKumari

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अन्तर्वासना हिंदी चुदाई की कहानियाँ

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